पूजा सामग्री — क्या-क्या चाहिए?
ताजे फूल (पीले या केसरी)
घी का दीपक
धूपबत्ती
पंचामृत (दूध, दही, शहद, शक्कर, घी)
नारियल
मिठाई / प्रसाद
चंदन और कुमकुम
माला
तुलसी पत्ते
रुद्राक्ष माला
पवित्र जल / गंगाजल
चालीसा पुस्तक
दैनिक पूजा विधि (Step by Step)
स्नान और शुद्धि
सुबह उठकर स्नान करें। स्वच्छ वस्त्र पहनें। पूजा स्थल को साफ करें।
मूर्ति/तस्वीर को स्नान कराएं
बाबा की मूर्ति या तस्वीर को पंचामृत से स्नान कराएं, फिर शुद्ध जल से।
वस्त्र और श्रृंगार
बाबा को नए वस्त्र या चोला पहनाएं। माला, चंदन, कुमकुम लगाएं।
फूल चढ़ाएं
ताजे पीले और केसरी फूल बाबा के चरणों में अर्पित करें।
दीपक और धूप जलाएं
घी का दीपक और धूपबत्ती जलाएं।
भोग लगाएं
मिठाई, फल या प्रसाद बाबा को भोग के रूप में अर्पित करें।
मंत्र जाप और चालीसा
खाटू श्याम चालीसा पढ़ें और 108 बार "जय श्री श्याम" का जाप करें।
आरती
खाटू श्याम जी की आरती गाएं।
प्रार्थना
मन की बात बाबा को बताएं — वे सुनते हैं।
प्रसाद वितरण
प्रसाद परिवार और पड़ोसियों में बाँटें।
खाटू श्याम के मुख्य मंत्र
ॐ श्री श्यामाय नमः॥
मूल मंत्र — 108 बार जाप करें
जय श्री श्याम॥ हारे का सहारा बाबा श्याम हमारा॥
भक्ति मंत्र — रोज सुबह-शाम
खाटू नरेश श्री श्याम, लखदातार श्री श्याम। हारे का सहारा श्री श्याम, जय बर्बरीक श्री श्याम॥
स्तुति मंत्र — आरती के बाद
ॐ बर्बरीकाय विद्महे शीशदानिने धीमहि। तन्नः श्यामः प्रचोदयात्॥
गायत्री मंत्र — उच्च फल देने वाला
खाटू श्याम की पूजा में सबसे जरूरी है — सच्ची श्रद्धा। चाहे आप फूल चढ़ाएं या न चढ़ाएं, पंचामृत करें या न करें — बस सच्चे मन से बाबा का नाम लें। बाबा हर दिल में रहते हैं। जय श्री श्याम!